उद्यानिकी कृषकों के लिये खेत चैन फैंसिंग, कोल्ड-स्टोरेज और प्रोसेसिंग यूनिट

 


उद्यानिकी कृषकों के लिये खेत चैन फैंसिंग, कोल्ड-स्टोरेज और प्रोसेसिंग यूनिट
विभागीय बैठक में राज्य मंत्री श्री कुशवाह ने योजनाओं को अंतिम रूप देने के लिये कहा
देवास | 11-दिसम्बर-
    उद्यानिकी, खाद्य प्र-संस्करण (स्वतंत्र प्रभार) एवं नर्मदा घाटी विकास राज्य मंत्री श्री भारत सिंह कुशवाह ने कहा है कि उद्यानिकी कृषकों की आय को दोगुने से अधिक बढ़ाने के लिये खेत चैन फैंसिंग, किसानों को जिला स्तर से लेकर उनके खेतों तक कोल्ड-स्टोरेज चैन और उनके उत्पादों की प्रोसेसिंग की उपलब्धता सुनिश्चित कराने के लिये बनाई जा रही योजनाओं को अंतिम रूप दिया जाये। राज्य मंत्री श्री कुशवाह आज मंत्रालय में विभागीय अधिकारियों के साथ योजनाओं के प्रावधानों को तय करने के लिये चर्चा कर रहे थे।
    राज्य मंत्री श्री कुशवाह ने कहा कि उद्यानिकी फसलों का उत्पादन करने वाले किसानों को आवारा मवेशियों आदि से फसलों की सुरक्षा के लिये खेतों में चैन फैंसिंग जरूरी है। चैन फैंसिंग होने से किसान गर्मी के दिनों में सुरक्षित ढंग से फसल ले सकेगा। किसानों के लिये उद्यानिकी फसलों को सही समय पर बाजार में बेचने के लिये अवसर उपलब्ध कराने के लिये कोल्ड स्टोरेज की सुविधा नजदीक में मिलना भी जरूरी है। इसके साथ ही किसान खुद अपनी उद्यानिकी फसलों के उत्पादों की प्रोसेसिंग कर अधिक लाभ अर्जित कर सकें, इसके लिये किसानों को छोटी-छोटी प्रोसेसिंग इकाइयाँ लगाने के लिये सहयोग और प्रोत्साहन दोनों की जरूरत है। उद्यानिकी विभाग और एम.पी. एग्रो द्वारा इस संबंध में योजनाओं को तय कर दिया गया है। जल्द ही योजनाएँ लागू की जायेंगी।
    राज्य मंत्री श्री कुशवाह ने कहा कि जिला स्तर पर 5 हजार मीट्रिक टन के कोल्ड स्टोरेज के बाद अब कोल्ड स्टोरेज का विकेन्द्रीकरण करते हुए तहसील स्तर की मण्डियों के पास एक हजार मीट्रिक टन और किसानों के खेत पर 5 मीट्रिक टन क्षमता के कोल्ड स्टोरेज बनाने का प्रावधान किया जा रहा है। इससे किसान खुद भी कोल्ड स्टोरेज स्थापित कर सकेगा। किसानों को उद्यानिकी फसलों के उत्पादों की खाद्य प्र-संस्करण की बड़ी इकाइयों के स्थान पर कम क्षमता वाली छोटी यूनिट्स लगाने में सहयोग और प्रोत्साहन दिया जायेगा। बैठक में उद्यानिकी विभाग की योजनाओं की समीक्षा करते हुए जैविक खेती को बढ़ावा देने पर भी विचार किया गया। जैविक खेती के प्रमाणीकरण के संबंध में जैव प्रमाणीकरण संस्था द्वारा विस्तार से प्रजेंटेशन दिया गया। एम.पी. एग्रो के कार्यालय में फूड प्रोसेसिंग यूनिट और कोल्ड स्टोरेज निर्माण की प्रक्रिया के संबंध में भी प्रजेंटेशन दिया गया।
   मंत्रालय में आयोजित बैठक में प्रमुख सचिव उद्यानिकी एवं खाद्य प्र-संस्करण श्रीमती कल्पना श्रीवास्तव और कमिश्नर उद्यानिकी श्री एम.के. सिंह सहित अन्य अधिकारी मौजूद थे।