कृमि मुक्त होंगे बच्चे-किशोर, घर-घर जाकर खिलाई जा रही दवा (कृमि मुक्त दिवस अभियान)

 


कृमि मुक्त होंगे बच्चे-किशोर, घर-घर जाकर खिलाई जा रही दवा (कृमि मुक्त दिवस अभियान)
स्वास्थ्य विभाग के साथ महिला एवं बाल विकास विभाग, अन्य विभागों का अमला कर रहा सहयोग

कटनी | 
   कृमि संक्रमण से बचाव को लेकर राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन द्वारा जिले में 11 दिवसीय कृमि मुक्त दिवस अभियान चलाकर बच्चों, किशोरों को एलबेंडाजोल का सेवन कराया जा रहा है। बच्चों में कृमि संक्रमण, व्यक्तिगत अस्वच्छता व संक्रमित मिट्टी के संपर्क से होता है। कृमि संक्रमण से बच्चों का शारीरिक व बौद्धिक विकास बाधित होता है। दूसरी ओर उनके पोषण के स्तर पर दुष्प्रभाव पड़ता है। इसके चलते 1 से 19 वर्ष तक के बच्चों व किशोर किशोरियों का कृमिनाशन करने की विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा अनुशंसा की गई है और उसको लेकर 13 सितंबर से जिले में घर-घर जाकर 1 वर्ष बच्चों से लेकर 19 वर्ष तक के किशोर-किशोरियों को एलबेंडाजोल दवा का सेवन कराने में अमला लगा है।
     स्वास्थ्य विभाग के अमले के साथ महिला एवं बाल विकास विभाग, शिक्षा विभाग और आदिम जाति कल्याण व पंचायत राज्य एवं ग्रामीण विकास विभाग का सहयोग अभियान में लिया गया है। अभियान में जो स्कूल संचालित हो रहे हैं, उनमें आने वाले बच्चों केा दवा का सेवन अमला पहुंचकर करा रहा है ताकि मिट्टी जनित कृमि रोग से बचाव हो सके। एएनएम, आशा कार्यकर्ता, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, आशा सहयोगिनी का पूरे अभियान में सहयोग लेकर दवा का सेवन कराने का कार्य स्वास्थ्य विभाग कर रहा है। जिले में 5 लाख 11 हजार 128 बच्चों व किशोरों को दवा का सेवन कराने का लक्ष्य तय किया गया है और अभियान 19 सितंबर तक चलेगा।
अभियान के साथ कोरोना वैक्सीनेशन की भी दे रहे जानकारी
     कृमि मुक्त अभियान को लेकर जिले भर में स्वास्थ्य विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग का अमला घर-घर दस्तक देकर दवा का सेवन करा रहा है। कलेक्टर प्रियंक मिश्रा ने काम में लगे अमले को दवा का सेवन कराने के साथ ही कोरोना से बचाव को लेकर 17 सितंबर को आयोजित होने वाले वैक्सीनेशन महा अभियान की भी जानकारी देकर लोगों को जागरूक करने के निर्देश दिए हैं। जिसके चलते कृमि नाशक दवा का सेवन कराने के साथ ही काम में लगे कर्मचारी लोगों के घरों में जाकर कोरोना से बचाव के लिए महा अभियान में वैक्सीन लगवाने के लिए भी प्रेरित कर रहे हैं।