शिकायतों का निराकरण कर सी.एम. हेल्पलाइन में अपनी रैंक सुधारें

 


शिकायतों का निराकरण कर सी.एम. हेल्पलाइन में अपनी रैंक सुधारें
कलेक्टर श्री द्विवेदी ने अधिकारियों की बैठक में दिए निर्देश
खण्डवा | 14-दिसम्बर-

   सभी अधिकारी सीएम हेल्पलाइन में दर्ज अपने विभाग से संबंधित शिकायतों का समय सीमा में निराकरण करें। साथ ही निराकरण के प्रतिशत के आधार पर सीएम हेल्पलाइन पोर्टल पर दर्ज अपनी रैकिंग को सुधारे। यह निर्देश कलेक्टर श्री अनय द्विवेदी ने सोमवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित साप्ताहिक समीक्षा बैठक में उपस्थित अधिकारियों को दिए। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार के पोर्टल पर जिलेवार व विभागवार रैकिंग सभी विभागों की उपलब्ध है। सभी अधिकारी अपनी अपनी रैकिंग देखें व उसमें सुधार के लिए कार्य करे। उन्होंने लीड बैंक के जिला प्रबंधक को निर्देश दिए कि वे विभिन्न योजनाओं में लक्ष्य अनुसार प्रकरण स्वीकृत करे। उन्होंने सभी विभागों के जिला अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे अपने अपने विभाग से एक वरिष्ठ अधिकारी को सीएम हेल्पलाइन में दर्ज समस्याओं के निराकरण के लिए नोडल अधिकारी के रूप में नियुक्त करे। बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री रोशन कुमार सिंह, अपर कलेक्टर श्रीमती नंदा भलावे कुशरे, एसडीएम हरसूद डॉ. परीक्षित झाडे व सहायक कलेक्टर श्री श्रेयांश कुमट सहित विभिन्न अधिकारी मौजूद थे।
अस्पतालों के आईसीयू वार्ड का पॉवर बेकअप चेक करें
   बैठक में कलेक्टर श्री द्विवेदी ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. डी.एस. चौहान को निर्देश दिए कि जिले के सभी निजी व शासकीय अस्पतालों के आईसीयू वार्ड में पॉवर बेकअप चेक करवायें। उन्होंने कहा कि विद्युत आपूर्ति व्यवस्था फेल होने की स्थिति में जनरेटर ऑटोमेटिक मोड में स्वतः चालू हो जाये, ऐसी व्यवस्था की जाये। इसके लिए उन्होंने विद्युत वितरण कम्पनी, विद्युत सुरक्षा विभाग के अधिकारी तथा स्वास्थ्य विभाग के चिकित्सकों को समन्वय के साथ कार्य करने की हिदायत दी। उन्होंने विद्युत वितरण कम्पनी के अधिकारियों से कहा कि अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में विद्युत आपूर्ति फेल होने पर तुरंत या तो दूसरे वितरण केन्द्र से विद्युत चालू की जाये या जनरेटर या अन्य कोई माध्यम से पॉवर सप्लाय चालू की जाये, ताकि मरीजों के जीवन को खतरा न रहे। उन्होंने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को निर्देश दिए कि मिलावट से मुक्ति अभियान के तहत खाद्य पदार्थो में मिलावट की जांच के लिए अधिकारियों के दल बनाकर जांच कराई जायें तथा बड़े प्रतिष्ठानों की जांच पहले की जाये। कलेक्टर श्री द्विवेदी ने सभी एसडीएम को फटाखों के गोदामों की समय समय पर जांच करने की हिदायत भी दी।